Office Address

Address Display Here

Phone Number

+91-9876543210

Email Address

info@deshbandhu.co.in

रामनगर कमर्शियल कॉम्प्लेक्स निर्माण में गुणवत्ता पर उठे सवाल


रामनगर नगर परिषद क्षेत्र में करोड़ों रुपये की लागत से निर्मित रामनगर कमर्शियल कॉम्प्लेक्स का निर्माण कार्य उद्घाटन से पहले ही सवालों के घेरे में आ गया है। स्थानीय स्तर पर आरोप लगाए जा रहे हैं कि निर्माण कार्य में गुणवत्ता मानकों की अनदेखी की गई, जिसके चलते भवन के कई हिस्सों में दरारें दिखाई देने लगी हैं। हालांकि, इन आरोपों की आधिकारिक पुष्टि अभी नहीं हुई है।

उद्घाटन से पहले ही दिखीं दरारें

जानकारी के अनुसार रामनगर कमर्शियल कॉम्प्लेक्स की छत, दीवारों और फर्श में उद्घाटन से पहले ही दरारें पड़ गई हैं। बारिश के दौरान भवन की छत से पानी रिसकर दुकानों के अंदर भरने की शिकायतें भी सामने आई हैं। इससे निर्माण की गुणवत्ता को लेकर स्थानीय लोगों और व्यापारियों में चिंता बढ़ गई है।

सीढ़ियां, टाइल्स और शटर की गुणवत्ता पर भी सवाल

स्थानीय लोगों का आरोप है कि कॉम्प्लेक्स में लगाई गई सीढ़ियों की टाइल्स और अन्य निर्माण सामग्री निम्न गुणवत्ता की है। कई स्थानों पर टाइल्स उखड़ने लगी हैं, जबकि दुकानों में लगाए गए शटर भी अपेक्षित गुणवत्ता के नहीं बताए जा रहे हैं। आरोप है कि कई शटरों का आकार और स्वरूप भी प्रभावित हो गया है।

मूलभूत सुविधाओं का अभाव

आरोपों के मुताबिक रामनगर कमर्शियल कॉम्प्लेक्स में व्यापारियों और ग्राहकों के लिए शौचालय जैसी बुनियादी सुविधा उपलब्ध नहीं कराई गई है। इसके अलावा परिसर में पेयजल, बिजली, सड़क और नाली जैसी आवश्यक व्यवस्थाएं भी अधूरी बताई जा रही हैं। कुछ हिस्सों में रेलिंग लगी है, जबकि कई स्थानों पर सुरक्षा के लिए रेलिंग तक नहीं है।

निर्माण एजेंसियों पर लगे गंभीर आरोप

स्थानीय सूत्रों के अनुसार निर्माण कार्य में एक स्थानीय ए-ग्रेड ठेकेदार, रीवा के एक ठेकेदार तथा कुछ स्थानीय पेटी कॉन्ट्रैक्टरों की भूमिका रही है। आरोप यह भी हैं कि निर्माण में फ्लाई ऐश ईंटों और निम्न गुणवत्ता वाली सीमेंट का उपयोग किया गया, जिससे भवन की मजबूती पर सवाल खड़े हो रहे हैं। हालांकि, इन आरोपों की स्वतंत्र पुष्टि नहीं हो सकी है।

जांच की मांग तेज

स्थानीय नागरिकों का कहना है कि करोड़ों रुपये की लागत से बने इस रामनगर कमर्शियल कॉम्प्लेक्स की तकनीकी जांच कराई जानी चाहिए। उनका आरोप है कि यदि निर्माण में अनियमितता हुई है तो जिम्मेदार अधिकारियों और संबंधित ठेकेदारों के खिलाफ कार्रवाई की जाए। फिलहाल नगर परिषद की ओर से इस मामले में कोई आधिकारिक बयान सामने नहीं आया है।

Share:

Leave A Reviews

Related News